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राष्ट्रीय लोक अदालत में किए गए 3,91,165 वाद निस्तारित
Friends Reporter Team
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मुजफ्फरनगर। शनिवार को जनपद न्यायालय में आयोजित राष्टÑीय लोक अदालत का शुभारंभ जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण संतोष राय द्वारा दीप प्रज्ज्वलित करके किया। जनपद न्यायधीश ने अपने सम्बोधन में राष्ट्रीय लोक अदालत के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि लोक अदालत में होने वाले इन फैसले में हार जीत का कोई प्रश्न नहीं रह जाता है। इसमें वादकारी जब आपसी समझौते के आधार पर वाद का निस्तारण करते हैं तो उनके मध्य आपसी सौहार्द बना रहता है एवं उनके अमूल्य समय की बचत होती है। उन्होंने कहा कि राष्टÑीय लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य वादकारियों को सरल, सुलभ व त्वरित न्याय प्रदान करना है। इस दौरान जिला जज ने सभागार में बैंक अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे ऋण के मामलों में ग्राहकों को अधिकतम छूट देते हुए प्रकरणों का निस्तारण करना सुनिश्चित करें। oplus_256
इस दौरान प्रधान न्यायधीश परिवार न्यायालय खलीकुज्जमा ने पारिवारिक मामलों को सुलह समझौते के आधार पर निस्तारित किये जाने पर बल दिया। लोक अदालत में पारिवारिक न्यायालयों द्वारा 129 मामले सुलह समझौते के तहत निस्तारण किए। लोक अदालत नोडल अधिकारी अपर जिला जज कनिष्क कुमार सिंह ने कहा कि लोक अदालत में सभी विवादों को सुलह-समझौते के माध्यम से निस्तारित कराने का एक बड़ा माध्यम है, जिसमें समाज के वंचित व कमजोर वर्ग के व्यक्तियों के लिये एक वरदान साबित हो रही है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव सीता राम ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में 03 लाख 91 हजार 165 वाद निस्तारित किए गए। पीठासीन अधिकारी मोटर दुर्घटना दावा प्राधिकरण आदेश नैन द्वारा कुल 49 वादों का निस्तारण कराते हुए राष्ट्रीय लोक अदालत में 3,00,30,000/- रुपए का प्रतिकर प्रदान किया गया। जनपद न्यायालय के विभिन्न न्यायालयों में कुल 6389 शमनीय फौजदारी एवं 50 दीवानी वाद निस्तारण करते हुए शमनीय फौजदारी वादों में कुल 11,87,890/- रुपए का अर्थदण्ड वसूल किया तथा दीवानी वादों में इस बीच कुल 1,10,96,910.82 रुपए का उत्तराधिकार आदि का अनुतोष प्रदान किया गया। इसके अलावा जिलाधिकारी मुजफ्फरनगर उमेश मिश्रा के नेतृत्व में राजस्व अफसरोंं द्वारा कुल 7623 राजस्व मामलों का निस्तारण करते हुए कुल 93,49,740/- रुपए का राजस्व वसूला गया। इस राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न बैंकों द्वारा 319 बैंक ऋण मामले निस्तारण कराते हुए करीब 6 करोड़ 95 लाख 57 हजार रुपए की धनराशि का सेटलमेंट किया गया। इस अवसर पर जिला बार संघ के अध्यक्ष ठा. कंवरपाल सिंह, सिविल बार संघ के अध्यक्ष सुनील मित्तल, सचिव राज सिंह रावत, अपर जनपद न्यायधीश प्रथम रविकान्त द्वितीय, आशा रानी, अलका भारती, रेखा सिंह, कनिष्क कुमार सिंह, काशिफ शेख, दिनेश प्रताप सिंह, रीमा मल्होत्रा, दिव्या भार्गव, मंजुला भलोटिया, निशांत सिंगला, कमलापति प्रजापति, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कविता अग्रवाल सहित समस्त न्यायिक अधिकारी, समस्त बैंकों के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में वादकारी उपस्थित रहे।