मुजफ्फरनगर। सोमवार को सरकुलर रोड स्थित चौ. छोटूराम डिग्री कॉलेज प्रबंध समिति की आकस्मिक बैठक महाविद्यालय में संपन्न हुई, जिसमें एक छात्रा द्वारा प्लांट पैथोलॉजी विभाग में कार्यरत सहायक शिक्षक डॉ. दुष्यन्त कुमार के विरुद्ध लगाए गए यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों के संदर्भ में चर्चा की गई। बैठक में महाविद्यालय द्वारा गठित प्रारंभिक जांच समिति की रिपोर्ट के अनुसार, डॉ. दुष्यंत कुमार का व्यवहार एवं आचरण एक शिक्षक के रूप में अनैतिक व गंभीर अनुशासनहीनता का होना पाया गया। छात्रा की शिकायत पर शिक्षक को 24 मई में पुलिस द्वारा प्राथमिकी दर्ज कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। वर्तमान में शिक्षक न्यायिक हिरासत में है, जो न केवल कॉलेज गरिमा के विरुद्ध है, बल्कि संस्था की समाज में प्रतिष्ठा को भी आघात पहुंचाता है।
सोमवार को प्रबंध समिति की संपन्न बैठक की जानकारी देते हुए चौधरी छोटूराम डिग्री कॉलेज के सचिव शरद कुमार ने बताया कि छात्रा के यौन उत्पीड़न के उक्त मामले में जांच समिति की प्राप्त रिपोर्ट पर पदाधिकारियों ने विचार-विमर्श करते हुए निर्णय लिया कि सहायक शिक्षक डॉ. दुष्यंत कुमार को तत्काल प्रभाव से कॉलेज से निलंबित किया जाता है। इसके साथ ही, इस प्रकरण की विस्तृत और निष्पक्ष जांच के लिए उक्त मामले को अब महाविद्यालय की आंतरिक शिकायत समिति को सौंपे जाने का निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि इसके साथ कॉलेज प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया कि छात्राओं की गरिमा व सुरक्षा सर्वोपरि है और इस तरह के किसी भी अनुचित व्यवहार के प्रति शून्य सहनशीलता की नीति जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मुजफ्फरनगर में पेस्टिसाइड विनिर्माता इकाइयों पर छापेमारी, 12 नमूने लिए, मचा हड़कंप
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। जनपद में किसानों को गुणवत्तायुक्त कीटनाशक उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बुधवार को भारत सरकार और राज्य कृषि विभाग की संयुक्त टीम ने जनपद में स्थापित पेस्टिसाइड विनिर्माता इकाइयों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने पांच उत्पादन इकाइयों की जांच करते हुए कीटनाशकों के कुल 12 नमूने लिए, जिन्हें जांच के






