मुजफ्फरनगर। नगरपालिका परिषद् का करीब एक दशक पुराना वेस्ट टू एनर्जी प्लांट स्थापित कराने का सपना चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप के कार्यकाल में पूर्ण होने जा रहा है। इसके लिए पालिका ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह नीदरलैंड और यूपी सरकार के बीच हुए एमओयू को धरातल पर लाने के लिए जी तोड़ प्रयास कर रही हैं। प्लांट के लिए सड़क निर्माण बाधा को दूर करने के बाद प्लांट में मशीनरी सेक्शन को खड़ा करने में एक सप्ताह के भीतर ही निर्माण कार्य प्रारम्भ करा दिया जायेगा। वहीं नगर पालिका प्रशासन का प्रयास होगा कि मार्च 2025 से पूर्व प्लांट का शुभारंभ करा दिया जाए। नीदरलैंड कंपनी प्लांट पर 18 अरब रुपए खर्च करने जा रही है। कंपनी अफसरों ने गुरूवार को पालिका मुख्यालय पहुंचकर ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह के साथ ले आउट प्लान पर विस्तृत चर्चा की।
नगरपालिका परिषद् में कूड़े से बिजली बनाने के लिए एक दशक पूर्व तत्कालीन चेयरमैन पंकज अग्रवाल ने नीदरलैंड की कंपनी के साथ काम शुरू किया था, लेकिन समय समय पर बाधा पैदा होने से यह परवान नहीं चढ़ पाया। बीच में नीदरलैंड और यूपी सरकार के बीच विभिन्न शहरों में वेस्ट टू एनर्जी प्लांट लगाने का करार हुआ तो मुजफ्फरनगर को शामिल किया गया, इसके लिए पालिका से कंपनी ने करीब 20 हैक्टेयर भूमि मांगी थी, जो उपलब्ध करा दी गई। गुरूवार को वेस्ट टू एनर्जी प्लांट स्थापित करने के लिए एमओयू के तहत काम कर रही नीदरलैंड की जीसी इंटरनेशनल की इंडियन सिस्टर कन्सर्न कंपनी जीसी आईएनटी सॉल्यूशंस प्रा. लि. नई दिल्ली के डायरेक्टर एवं सीईओ थेरूस जिएलिंग, डायरेक्टर सिद्धार्थ शिवारमण व आॅपरेशनल मैनेजर जेस्सी स्केपर्स पालिका में पहुंचे। उन्होंने यहां ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह के साथ मुलाकात करते हुए वेस्ट टू एनर्जी प्लांट के लिए मशीनरी सेक्शन बनाने के लिए निर्माण कार्य प्रारंभ करने को बिन्दुवार चर्चा की। कंपनी सीईओ थेरूस जिएलिंग ने ईओ को बताया कि किदवईनगर के एटूजेड सोलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट वाली भूमि पर बने मशीनरी कम्पाउंड में ही वेस्ट टू एनर्जी प्लांट का मशीनरी सेक्शन बनाया जायेगा। इसके लिए वहां पर लगी पुरानी मशीनरी हटवाने के साथ एक सप्ताह में जरूरी निर्माण कार्य, फाउंडेशन आदि को शुरू कराया जायेगा। उन्होंने ईओ से शिकायत की कि प्लांट पर बने डम्पिंग ग्राउंड में शहर से निकल रहे अपशिष्ट को डालने के बजाए कूड़ा निस्तारण में लगी एमआईटूसी कंपनी के लोग प्लांट के बाहर ही रात्रि में सड़क किनारे कूड़ा डाल रहे हैं, जिससे आवागमन के लिए मार्ग भी अवरुद्ध हो रहा है। वहीं प्लांट के पास तीव्र मोड पर बना एक सीवर क्षतिग्रस्त है, उसके निर्माण की जरुरत है। ईओ प्रज्ञा सिंह ने एमआईटूसी कंपनी के परियोजना प्रबंधक पुष्पराज सिंह व सैकेंड्री प्वाइंट इंचार्ज कुलदीप सिंह को सड़क किनारे कूड़ा डालने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए इसे तत्काल रुकवाने व अपशिष्ट प्लांट के अंदर निर्धारित डम्पिंग ग्राउंड पर करने के निर्देश के साथ चेतावनी भी दी, वहीं एई निर्माण अखण्ड प्रताप सिंह को क्षतिग्रस्त सीवर का निर्माण सड़क बनने से पहले कराये जाने के लिए कहा है, ताकि कार्ययोजना को धरातल पर उतारने में कोई गतिरोध पैदा न हो पाए।






