मुज़फ्फरनगर। रविवार को प्रात: बेला में यज्ञ, हवन-पूजन, वृक्षारोपण व प्रसाद वितरण के साथ आर्य समाज (शहर) परिसर में, गांधी पॉलिटेक्निक मुज़फ्फरनगर व अन्य सैंकड़ो शैक्षिक संस्थानों के संस्थापक, तीन सदी के युग दृष्टा, शिक्षा ऋषि, पद्म श्री व पद्म भूषण से अलंकृत, परम् पूज्य वीतराग स्वामी कल्याण देव जी महाराज की बीसवीं पुण्यतिथि पर गांधी पॉलिटेक्निक मुज़फ्फरनगर एलुमनी एसोसिएशन के पदाधिकारियों व आर्य समाज के पदाधिकारियों की सहभागिता से कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें कार्यक्रमानुसार श्रद्धासुमन अर्पित किये गए ।
कार्यक्रम में मंजू आर्य ने मंत्रोच्चार के साथ यज्ञ व हवन-पूजन कराया। गांधी पॉलिटेक्निक मुज़फ्फरनगर एलुमनी एसोसिएशन के अध्यक्ष इं० अजय सक्सेना मुख्य यज्ञमान रहे। शहर आर्य समाज के प्रधान मुकेश आर्य ने स्वामी कल्याणदेव के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि स्वामी दयानन्द सरस्वती के बाद शिक्षा के क्षेत्र में सैंकडों शिक्षण संस्थाओं की स्थापना कर सर्वाधिक कार्य किया। मुख्य यज्ञमान इं० अजय सक्सेना ने कहा कि रेत के टीले के क्षेत्र भागवत भूमि को शुकतीर्थ के रूप में मूर्त रूप देकर विश्व विख्यात बनाने में स्वामी कल्याणदेव की महती भूमिका रही, इस अवसर पर स्वामी कल्याणदेव की याद को चिरस्थाई बनाने के लिए शहर आर्य समाज परिसर में फलदार वृक्ष रोपित किए गए।

कार्यक्रम आयोजन में इं० प्रशान्त कुच्छल, इन्जीनियर्स क्लब के सचिव इं० बसन्त कुमार गोयल, एडवोकेट अशोक कुशवाहा, एडवोकेट अनूप सिंह राठी, प्रदीप कुमार मलिक, साक्षी आर्य, सुधा आर्य, अनिल त्यागी, राजेश कुमार आर्य, भजनोपदेशक अरूण आर्य, स्कूल प्रबंधक शिवा आर्य, सुधीर आर्य आदि का विशेष योगदान रहा ।






