मुजफ्फरनगर। वीरांगना झलकारी बाई कोरी एकता मंच द्वारा कोरी जाति के प्रमाण पत्र जनपद मुजफफरनगर की तहसीलों में जारी नहीं किये जाने के सम्बन्ध मे जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन किया गया एंव एक ज्ञापन मुख्यमंत्री के नाम जिलाधिकारी को दिया गया।
वीरांगना झलकारी बाई कोरी एकता मंच द्वारा आरोप लगाया गया कि कोरी जाति का जनपद मुजफफरनगर की विभिन्न तहसीलांे में तहसीलदार व लेखपालों द्वारा कोरी समाज के लोगों का जाति प्रमाण पत्रो के नाम पर शोषण किया जा रहा है। ज्ञापन में कहा गया कि लेखपाल तरह तरह की गलत रिपोर्ट लगाकर लगातार कोरी जाति के प्रमाण पत्र निरस्त कर रहे हैं। जबकि इस सम्बन्ध में शासन से कई बार शासनादेश जारी किये जा चुके हैं किन्तु तहसील स्तर पर कोई अधिकारी उन शासनादेशांे को मानने को तैयार नहीं है। इस सम्बन्ध में पूर्व में कई बार कोरी जाति के लोग जिलाधिकारी से मिले और शिकायत की किन्तु किसी प्रकार का कोई निर्णय नहीं हुआ। तब समाज के लोगों द्वारा धरना प्रदर्शन करने के बावजूद भी जिले स्तर के अधिकारियों पर किसी प्रकार का कोई असर नही हुआ।
आरोप लगाया गया कि जिलाधिकारी मुजफफरनगर लगातार कोरी जाति के हो रहे निरस्त प्रमाण पत्रों में कोई कार्यवाही करने को तैयार नहीं हैं। अगर जल्द से जल्द समाज की समस्या का समाधान नहीं किया गया तो जिला स्तर पर एक आंदोलन खड़ा किया जायेगा एवं भारतीय जनता पार्टी के नेताओं को घेरने का कार्य किया जायेगा। क्योंकि कोरी समाज भारतीय जनता पार्टी को वोट करता है। किन्तु भारतीय जनता पार्टी एवं शासन का कोई मंत्री इस समाज की समस्या का निस्तारण करने मे सक्षम नही है। ज्ञापन के माध्यम से बताया गया कि कोरी समाज जल्द ही जिले स्तर पर एक बड़े आंदोलन की तैयारी में है। प्रदर्शन के बाद ज्ञापन देने वालों में मोहित कुमार कोरी, जितेन्द्र कोरी, सदन कोरी, धर्मेन्द्र, मांगेराम कोरी, जगत सिंह कोरी, शक्ति कोरी, नरेन्द्र कोरी, देशपाल कोरी, कुणाल कोरी, लक्की कोरी, नरेन्द्र कोरी आदि सैकडांे लोग उपस्थित हैं।






