मुजफ्फरनगर। नगरीय क्षेत्र की बेपटरी सफाई व्यवस्था को सुचारू करने और धरातल पर कर्मियों को ड्यूटी के प्रति जिम्मेदार बनाने की दिशा में छेड़े गए अभियान में सच सामने आने लगा है। बुधवार को इन्हीं हालातों के बीच पालिका अफसरों संग वार्ड निरीक्षण को निकली चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप ने शहर के दो वार्डों में औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें भारी खामी मिली, जिस पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए जहां एक ओर सफाई नायक को उनके मूल पद सफाई कर्मी पर भेजने के साथ वेतन रोकने के निर्देश दिए, वहीं नदारद मिले मिले दो सफाई कर्मचारियों का वेतन काटने के लिए कहा।
पालिका चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप बुधवार को शहर के वार्ड 23 और 39 कच्ची सड़क क्षेत्र में औचक निरीक्षण पर निकली। वार्ड 23 में पहुंचने पर जब उन्होंने सफाई नायक और कर्मियों की उपस्थिति की जानकारी ली तो सभासद अमित पाल ने बताया कि यहां सफाई कर्मचारी जरूरत से कम हैं। लिस्ट निकलवाई तो पता चला कि यहां 12 कर्मचारी तैनात हैं, लेकिन आते 8 ही हैं, जिनमें 4 महिलाएं हैं। मौके पर 2 कर्मी अनीता पत्नी राजकुमार व अविनाश गैरहाजिर मिले। वहीं दूसरे वार्ड में तैनात कर्मचारी यहां कार्यरत मिला। वहीं एक महिला कर्मचारी गीता पत्नी नीटू भी मिली, जोकि अनीता के एवज में कार्य कर रही थी। सफाई नायक विरेन्द्र सिंह कोई संतोष जनक उत्तर नहीं दे पाए, जिसे गंभीर अनियमितता व लापरवाही मानते हुए पालिका चेयरर्सन ने कड़ी नारजागी जताते हुए उन्हें मूल पद सफाई कर्मचारी पर भेजने व वेतन रोकने के निर्देश दिए। वहीं अनीता और अविनाश का भी एक दिन का वेतन काटने के लिए कहा। उधर, वार्ड 39 में निरीक्षण में सफाई कर्मचारी व सफाई नायक समय से उपस्थित मिले और सफाई कार्य के प्रति सभासद रविकांत शर्मा व लोगों ने संतोष व्यक्त किया। इस दौरान सभासद कुसुमलता पाल, मनोज वर्मा, मोहित मलिक, रविकांत शर्मा, अमित पाल, ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अतुल कुमार, सफाई निरीक्षक प्लाक्षा मैनवाल आदि मौजूद रहे।
इन्होंने कहा-
चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप ने कहा कि यह औचक निरीक्षण निरंतर जारी रहेगा। ड्यूटी के प्रति सबको अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी। लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। कम्पनी बाग का निरीक्षण कर वहां पर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया और जरुरी निर्देश दिए गए हैं।
उधर, ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह ने बताया कि चेयरपर्सन के निर्देश पर वार्ड 23 के कार्यवाह सफाई नायक विरेन्द्र कुमार को मूल पद पर भेज दिया है। उनकी ड्यूटी अब सफाई कर्मचारी के रूप में चारों रैन बसेरों में सफाई व्यवस्था के लिए लगाई है। वेतन पर रोक लगाने के लिए नगर स्वास्थ्य अधिकारी को कहा है। पालिका की नियमित कर्मचारी अनीता द्वारा अपने स्थान पर दूसरी महिला को लगाने के लिए स्पष्टीकरण मांगा गया है।






