मुजफ्फरनगर। विकास भवन में फिर से अंधेरी रात में जाम छलकाए जाने के साथ कर्मचारियों द्वारा शराब पीकर ठुमके लगाए जाने के मामले में फजीहत के बाद अधिकारियों ने 3 कर्मचारियों पर कार्रवाई कर दी है। बीते दिनों विकास भवन में शराब पीकर उत्पात मचाने वाले दोषियों को चिन्हित करते हुए दो कर्मियों को जहां कार्रवाई करते हुए सस्पेंड कर दिया गया, वहीं तीसरे कर्मचारी की वेतन वृद्धि पर दो वर्ष तक के लिए रोक लगा दी गई है।
विकास भवन परिसर में बीती रात्रि कुछ कर्मचारियों द्वारा जाम छलकाते हुए ठुमके लगाए गए थे। उक्त मामले में सीडीओ संदीप भागिया ने संज्ञान लेते हुए शुक्रवार सुबह अपने कार्यालय में डीडीओ, जिला कृषि अधिकारी के साथ ही उप कृषि निदेशक को तलब किया था। उन्होंने इस मामले की जांच करते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए। शुक्रवार में दिनभर जारी चर्चाओं के बाद देर शाम कृषि अधिकारी राहुल तेवतिया ने कार्रवाई करते हुए विभागीय लिपिक नवनीत शर्मा को सस्पेंड कर दिया। उधर, जिला कृषि रक्षा अधिकारी यतेन्द्र कुमार ने अपने लिपिक कमलकांत शर्मा को भी सस्पेंड कर दिया। इसके साथ ही जिला कार्यक्रम कार्यालय में कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी गौरव शर्मा के वेतन वृद्धि पर दो वर्ष तक के लिए विभागीय स्तर पर रोक लगा दी गई है। विकास भवन में कुछ अन्य विभागों में सायं ढलते ही जाम छलकने और महफिल सज जाने की शिकायत यदा-कदा मिलती रही है, लेकिन शुक्रवार को चर्चा में आए विकास भवन के बाद अब इन कर्मियों ने अपने कदम पीछे खींच लिए हैं, ऐसी चर्चाएं विकास भवन में दिन भर जारी रही।
बता दें, विकास भवन में ऐसा पहली बार हुआ हो, ऐसा नहीं है, इससे पूर्व भी विकास भवन मधुशाला बनता रहा। तत्कालीन सीडीओ के कार्यकाल में विकास भवन के एक नाजिर ने अपने चहेते कर्मियों के साथ में जाम छलकाए थे। इस बीच पुलिस ने छापेमारी की थी। विकास भवन में हुई छापेमारी के बाद कर्मियों को मुख्यालय से तहसील स्तर पर संबद्ध करते हुए कार्रवाई की थी। अब फिर बीते दिनों रात में दो विभाग के 4 कर्मचारियों द्वारा जाम छलकाते हुए ठुमके लगाने के बाद बाद कर्मचारियों ने परिसर में उत्पात मचाया था।






