मुजफ्फरनगर। जिला अस्पताल एक बार फिर रिश्वत और मरीजों से इलाज के नाम पर होने वाले सुविधा शुल्क को लेकर चर्चाओं में हैं। बीते दिनों राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल के निरीक्षण के बीच दो नसों पर लगे सुविधा शुल्क आरोप के बाद अस्पताल प्रशासन ने उन्हें मेडिकल वार्ड से ही हटा दिया है। मामले की जांच के लिए 3 चिकित्सकों की समिति गठित की गई है। यह समिति एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट अधिकारियों को देगी, जिसके बाद आरोपी नसों पर कार्रवाई तय होगी।
नगर क्षेत्र के मौ. उत्तरी रामपुरी निवासी एक परिवार की बीते दिनों दाल चावल खाने के बाद तबीयत बिगड़ गई थी, जिसमें एक बच्ची की मौत भी हो गई थी। अस्पताल में पीड़ित परिवार के मरीजों को देखने के लिए जब राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल जिला अस्पताल में पहुंचे थे। उस वक्त उन्होंने अन्य मरीजों से बात की थी। कुछ मरीजों ने अस्पताल के स्टाफ पर इलाज के नाम पर 300 रुपए सुविधा शुल्क के रूप में लेने का आरोप लगाया था। इसमें मुख्य रूप से इंचार्ज नर्स प्रीति और सविता आर्या का नाम खुलकर सामने आया था कि वह वार्ड में भर्ती मरीजों से वसूली कराती हैं और सुविधा शुल्क मिल जाने के बाद भर्ती मरीज को दवा आदि सुविधाएं देती है। राज्यमंत्री ने सीएमएस और चिकित्सकों पर इस अव्यवस्था को लेकर कड़ी नाराजगी जताते हुए कार्रवाई के निर्देश दिए थे। फजीहत के बाद में सीएमएस डॉ. राकेश कुमार ने दोनों नर्स से स्पष्टीकरण तलब किए जाने के साथ उन्हें मेडिकल वार्ड से हटाकर अब सर्जरी वार्ड में तैनात किया है। वहीं मामले की जांच के लिए 3 चिकित्सकों की जांच समिति गठित की गई। गठित जांच समिति में चिकित्सक डॉ. संजीव गुप्ता, मैटर्न अखिलेश त्यागी और डॉ. अशोक कुमार को शामिल करते हुए एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

हर घर तिरंगा अभियान के अंतर्गत जैन कन्या पाठशाला पीजी कॉलेज मुजफ्फरनगर में निकाली गई जागरूकता रैली
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। हर घर तिरंगा अभियान के अंतर्गत जैन कन्या पाठशाला पीजी कॉलेज मुजफ्फरनगर में जागरूकता रैली निकाली गई। कार्यक्रम में महाविद्यालय प्राचार्या प्रो सीमा जैन की अध्यक्षता में राष्ट्रीय पर्व समिति के तत्वावधान में राष्ट्रीय समिति की संयोजिका डॉ स्वीटी जैन असिस्टेंट प्रोफेसर, अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “हर घर तिरंगा” अभियान के अंतर्गत एक भव्य






