मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। सीएमओ सुनील तेवतिया ने सर्दी के मौसम में हृदय रोग व हृदयाघात को लेकर लोगों को सतर्क रहने की अपील की है। उन्होंने कहा कि सर्दियों में तापमान में गिरावट के कारण शरीर की रक्त नलिकाएं सिकुड़ जाती हैं, जिससे रक्तचाप बढ़ता है और हृदय पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इसका प्रभाव विशेष रूप से बुजुर्गों, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, मोटापा व पहले से हृदय रोग से पीड़ित व्यक्तियों में अधिक देखने को मिलता है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि ठंड के इस मौसम में शारीरिक गतिविधि में कमी, अधिक तैलीय एवं मसालेदार भोजन के सेवन, धूम्रपान व शराब जैसी आदतें हृदय रोग के जोखिम को और बढ़ा देती हैं। इसके साथ ठंड के कारण रक्त गाढ़ा होने से हृदय को अधिक मेहनत करनी पड़ती है, जिससे हार्ट अटैक की संभावना बढ़ जाती है, विशेषकर उन लोगों में जिनका पहले से ही हृदय रोग का इतिहास रहा है। उन्होंने जनसामान्य से अपील करते हुए कहा कि हृदय को सुरक्षित रखने के लिए सर्दियों में अत्यधिक ठंड से बचाव बहुत आवश्यक है। उन्होंने लोगों को गर्म कपड़े पहनने, सुबह और देर रात कड़ाके की ठंड में टहलने से बचने, नियमित रूप से हल्का व्यायाम करने, संतुलित एवं कम नमक वाला भोजन लेने की सलाह दी। उन्होंने तैलीय भोजन, धूम्रपान व शराब के सेवन से परहेज करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने उच्च रक्तचाप, मधुमेह एवं हृदय रोग से पीड़ित व्यक्तियों को अपनी दवाएं नियमित रूप से लेने तथा चिकित्सकीय परामर्श के अनुसार समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि सर्दियों में थोड़ी सी सावधानी, समय पर जांच व स्वस्थ जीवन शैली अपनाकर हृदय रोग एवं हृदयाघात के खतरे से प्रभावी रूप से बचा जा सकता है। उन्होंने अपील की कि वे स्वयं जागरूक रहें और अपने परिवार एवं समाज को भी हृदय स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करें।

भारत की संस्कृति को खत्म करने का वैश्विक षड्यंत्र चिंता का कारण: शांतनु जी
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। श्री बालाजी जन्मोत्सव के बीच श्री बालाजी धाम मंदिर संकीर्तन भवन मे आयोजित श्री राम कथा के चौथे दिन आचार्य श्री शांतुनु जी महाराज ने विभिन्न प्रसंगो के साथ श्री राम-सीता विवाह प्रसंग सुनाया तो श्रद्वालु आनंदित होकर झूम उठे। इस मौके पर शांतुनु महाराज ने कहा कि आप सभी सौभाग्यशाली है कि






