मुजफ्फरनगर। विश्व पर्यावरण दिवस पर गुरूवार को डीएम उमेश मिश्रा ने कम्पनी गार्डन का दौरा किया। वृक्षारोपण के बाद उन्होंने गार्डन में व्यवस्था परखने के लिए निरीक्षण किया तो इस दौरान गार्डन में स्थापित बड़े फव्वारे की खस्ताहाल स्थिति को देखकर उन्होंने गहरी नाराजगी व्यक्त की। करीब छह साल पहले अमृत योजना के तहत जीर्णोद्धार कराए इस फव्वारे का कार्य अधूरा रहने के कारण यह पूरी तरह बंद और उपेक्षित अवस्था में है।
कम्पनी गार्डन के निरीक्षण के दौरान डीएम उमेश मिश्रा ने ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह से मामले में विस्तृत जानकारी ली और पूछा कि यह फव्वारा चालू क्यों नहीं है। उन्होंने फव्वारे की दुर्दशा को पालिका की प्रशासनिक लापरवाही करार देते हुए मामले की रिपोर्ट तलब की है। डीएम ने निर्देश दिए कि फव्वारे को शीघ्र मरम्मत कराकर चालू किया जाए और कम्पनी गार्डन की समग्र स्थिति में सुधार लाया जाए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सार्वजनिक स्थलों की उपेक्षा बर्दाश्त नहीं होगी और अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
बता दें, नगरपालिका परिषद् के पूर्व बोर्ड में अमृत मिशन के अन्तर्गत 50 लाख से अधिक की धनराशि से कम्पनी गार्डन में म्यूजिकल फाउंटेन, चिल्ड्रन पार्क में झूले व ओपन जिम की स्थापना का कार्य कराया था। इस मामले में नगरपालिका में सत्ता बदली, तो करीब दो साल पूर्व जून 2023 में फव्वारे का प्रकरण सामने आने पर चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप ने ठेकेदार फर्म के विरुद्ध कार्यवाही के निर्देश तत्कालीन ईओ हेमराज सिंह को दिए थे। उन्होंने इस मामले में कंपनी पर कार्य अधूरा छोड़ने का आरोप लगाते हुए अंतिम नोटिस जारी किया था। शासन के निर्देश पर शहरी विकास को धरातल पर परखने के लिए निरीक्षण पर जून 2022 को आये संयुक्त निदेशक स्थानीय निकाय गंगा राम गुप्ता ने भी कम्पनी गार्डन का निरीक्षण किया था, तो उनको भी कंपनी बाग का यह फव्वारा बंद मिला था, उन्होंने भी नाराजगी जताते हुए मामले में रिपोर्ट मांगी थी, लेकिन कार्यवाही वही शून्य रही।
इन्होंने कहा-
ईओ डॉ. प्रज्ञा सिंह ने बताया कि कंपनी गार्डन में फव्वारे के निर्माण को लेकर नगर पालिका की ओर से अमृत योजना में करीब 50 लाख से अधिक रुपये खर्च किए गए हैं। इतनी बड़ी धनराशि से लगाया गया फव्वारा बंद मिलने पर आज डीएम ने नाराजगी जताई और जल्द चालू कराने के निर्देश दिए हैं।







