मुजफ्फरनगर। दिल्ली के बाद अब मेरठ में मिले कोरोना पॉजिटिव मरीज के बाद मुजफ्फरनगर जनपद अलर्ट मोड़ पर आ चुका है। शनिवार को इस कड़ी में जिला अस्पताल में आॅक्सीजन प्लांट की क्षमता और क्रियान्वयन देखने के लिए मॉक ड्रिल की। सीएमओ डॉ. सुनील तेवतिया ने दोनों जिला अस्पताल के आॅक्सीजन प्लांट चैक करने के साथ चिकित्सा अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की। उन्होंने सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को अलर्ट मोड़ पर रहने के निर्देश दिए।
दिल्ली-एनसीआर में कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच में पड़ोसी जनपद मेरठ में एक कोरोना मरीज मिलने के बाद मुजफ्फरनगर जिले में स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों ने सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। शनिवार को इन्हीं आशंकाओं के बीच जिले में कोरोना संक्रमण को लेकर सीएमओ डॉ. सुनील तेवतिया ने अधीनस्थों के साथ जिला चिकित्सालय और जिला महिला अस्पताल में आक्सीजन प्लांट यूनिट पर मॉक ड्रिल की। इस मॉक ड्रील के दौरान इमरजेंसी में स्टाफ की मौजूदगी और वार्डों में होने वाली आक्सीजन की आपूर्ति को भी परखा। सीएमओ द्वारा आक्सीजन प्लांट क्रियाशील मिलने पर संतुष्टि जताते हुए सुरक्षा कारणों से जिला चिकित्सालय में एमरजेंसी व्यवस्थाओं को लेकर उक्त आॅक्सीजन प्लांट में तैनात रहे कर्मचारियों को जरुरी दिशा निर्देश दिए। उन्होंने आॅक्सीजन प्लांट को लेकर हर समय तैयार रहने के निर्देश प्लांट इंचार्ज को दिए गए। दूसरी ओर खतौली एवं बुढ़ाना तहसीलों में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने वहां की व्यवस्थाओं की समीक्षा करने के साथ जरुरी औषधियों के साथ मरीजों को दी जाने वाली प्राथमिकी को परखा।
सीएमओ डॉ. सुनील तेवतिया ने बताया कि देशभर में कोरोना की दस्तक के चलते शनिवार को सुरक्षा कारणों के चलते अस्पताल में स्थापित आॅक्सीजन प्लांट की व्यवस्थाएं जांचने के लिए मॉक ड्रिल हुई, इसमें आॅक्सीजन प्लांट की व्यवस्थाओं और क्षमता पर विशेष ध्यान दिया गया। उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय में आॅक्सीजन प्लांट क्रियाशील रूप से संचालित मिला। उन्होंने बताया कि हालांकि अभी शासन से कोई गाइडलाइन नहीं आई है, लेकिन अपने स्तर पर जनपद को आपात स्थित में स्वास्थ्य सेवाओं में इस बीच निपटने के लिए पूरी तरह से मजबूत किया जा रहा है।






