अपनी सरकार मे हीं एडीएम दफ्तर में धरने पर बैठे भाजपा नेता राजू अहलावत

Share :

मुजफ्फरनगर। जिम्मेदारों की अनदेखी के साथ माननीयों की उपेक्षा के चलते जिले में अफसरान बेलगाम होते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे हालातों के बीच भाजपा नेता आए दिन जहां अपनी ही सरकार में बदहाल हैं, वहीं दोषियों पर कार्रवाई न होने से जहां कुछ लोग बेइज्जत होकर घर बैठ रहे हैं, वहीं कुछेक थानों और कोर्ट कचहरी के चक्कर काटने को विवश हैं। ऐसे हालातों के बीच शुक्रवार को उस वक्त हद हो गई, जब अपनी ही भाजपा सरकार में क्षेत्र के लोगों की समस्याओं का निदान कराने को भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष राजू अहलावत को एडीएम प्रशासन के कार्यालय में धरने पर बैठने को विवश होना पड़ा। हालांकि डीएम के संज्ञान के बाद उक्त मामले में फैक्ट्री को तब तक बंद करने के डीएम के आदेश के बाद धरना समाप्त हुआ, तब तक मजदूरों का लंबित भुगतान फैक्ट्री नहीं कर देती।
जी हां, हम बात कर रहे हैं जनपद की मंसूरपुर क्षेत्र में स्थित सरशादी डिस्टलरी एंड केमिकल वर्क्स की, जहां बीते दो वर्षों से अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच वेतन भुगतान का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। सरशादी लाल डिस्टलरी एंड केमिकल वर्क्स द्वारा वर्षों से कर्मचारियों द्वारा काम कराए जाने के बावजूद वेतन नहीं दिया जा रहा है। फैक्ट्री के कर्मी वेतन समेत अन्य भत्तों को लेकर अधिकारी-कर्मियों के बीच लंबे समय से तलवार खिंची चली आ रही है। इससे पूर्व भी कई बार धरने प्रदर्शन और भूख हड़ताल तक हो चुकी है। बताया गया है कि कंपनी अधिकारियों द्वारा कर्मचारियों को आश्वासन दिया था कि वह जनवरी 2025 में पिछला सभी बकाया भुगतान कर्मचारियों का कर दिया जाएगा मगर जनवरी के बाद मई माह शुरू है, मगर कर्मियों के लंबित भुगतान कंपनी द्वारा अभी नहीं किया गया है।
शुक्रवार को इस मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी के किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष राजू अहलावत ने कर्मचारियों की समस्या को लेकर कलेक्ट्रेट में दस्तक दी। इस बीच डीएम की अनुपस्थिति में भाजपा नेता एडीएम प्रशासन के कार्यालय पर पहुंचे और धरना प्रदर्शन करते हुए कर्मचारियों को उनका वेतन भुगतान करने की मांग की। इस दौरान भाजपा नेता राजू अहलावत ने कंपनी के साथ प्रशासनिक अधिकारियों को भी चेतावनी दी कि यदि इन गरीब कर्मियों का भुगतान नहीं कराया जाता तो उन्हें हाईवे पर बैठना पड़ेगा। उन्होंने अधिकारियों को साफ-साफ चेतावनी दी की उनके पास केवल एकमात्र रास्ता यही शेष बचा है कि वे इन कर्मियों के साथ हाईवे को जाम कर धरने पर बैठे, लेकिन भाजपा के पदाधिकारी होने के नाते अभी वे मर्यादाओं में बंधे हुए हैं। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अफसर उन्हें हाईवे पर बैठने को मजबूर ना करें। उन्होंने कहा कि इन कर्मचारियों के बच्चों की फीस स्कूल में नहीं जा पा रही है, वहीं कई बेटियों की शादी के दौरान उनके पिता को हार्ट अटैक हो चुका है। इस दौरान र सहायक श्रम आयुक्त, नगर मजिस्ट्रेट आदि भी मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisement
Cricket Score
Share Market
Gold Silver Price
Rashifal