मुजफ्फरनगर। वरिष्ठ कोषाधिकारी कार्यालय परिसर में शनिवार को गठित समिति की मौजूदगी में 49 करोड़ 15 लाख 20 हजार रुपये के स्टांप पेपर आग में जलाकर नष्ट किए गए। समिति ने स्टांप पेपर जलाने से पूर्व रिकार्ड के लिए सीरियल नंबर से उनका मिलान किया। इसके बाद कोषागार कार्यालय परिसर के खाली स्थान पर डालकर आग के हवाले कर दिया। इस दौरान सुरक्षा दृष्टिकोण से फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौजूद रही। इसके साथ पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई।
कलेक्ट्रेट परिसर स्थित वरिष्ठ कोषाधिकारी कक्ष में शनिवार की दोपहर करीब 1 बजे 6 सदस्यीय गठित टीम पहुंची। इसमें एडीएम वित्त गजेंद्र कुमार अध्यक्ष, प्रभारी वरिष्ठ कोषाधिकारी श्रुति गुप्ता, नगर मजिस्ट्रेट विकास कश्यप, सीएफओ अनुराग सिंह, एआइजी स्टांप, सीओ आदि सदस्य कमेटी के सामने 10 हजार से 25 हजार के स्टांप पेपर की गिनती की गई। इस बीच स्टांप पेपर की गिनती का मूल्य 49 करोड़ 15 लाख 20 हजार रुपये रहा। इसके बाद कोषागार के पास खाली जगह में स्टांप पेपर पर ज्वलंतशील पदार्थ डालकर आग लगाई गई। एडीएम वित्त गजेंद्र कुमार की अध्यक्षता में वीडियोग्राफी कराई गई। इसमें दस हजार से 25 हजार के सभी स्टांप पेपर में लगी आग से पूरी तरह राख होने तक अधिकारी मौजूद रहे।
वरिष्ठ कोषाधिकारी श्रुति गुप्ता ने बताया कि 10 हजार से 25 हजार रुपये तक के सभी स्टांप पेपर आग में जलाकर नष्ट किए गए, ताकि भविष्य में इनका कोई गलत कार्य में प्रयोग न हो सके। वर्तमान में ई-स्टांप प्रक्रिया चल रही है, ऐसे में पेपर स्टांप पांच हजार रुपये तक के सुरक्षित रखे गए हैं।






