हरिद्वार (रिपोर्टर)। चण्ड़ी देवी मन्दिर रोपवे के पास बंद पड़े पैदल रास्ते पर मिले अज्ञात महिला के शव का खुलासा करते हुए पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। प्रेम प्रसंग के चलते आरोपियों ने महिला की गला घोटकर हत्या करने के बाद शव झाड़ियों में फेंक दिया था। मायापुर स्थित एसपी सिटी कार्यालय में प्रैसवार्ता के दौरान मामले का खुलासा करते हुए एसएसपी नवनीत सिंह ने बताया कि 10 मई को बंद कर दिए गए रास्ते पर झाड़ियों में एक अज्ञात महिला का शव बरामद हुआ था। महिला के गले में कस कर ब्लाउज बंधा हुआ था। शव कई दिन पुराना होने के कारण सड़ गया था। जिस कारण महिला की पहचान नही हो पायी थी। मौके पर पहुंची फोरेंसिक टीम और पुलिस उच्चाधिकारियों ने मौका मुआयना कर घटनास्थल से दो कुंडल, एक टूटा हुआ मंगलसूत्र, एक सफेद रंग का गमछा बरामद किया था। एसएसपी ने बताया कि घटना के खुलासे के लिए एसपी क्राइम निशा यादव के नेतृत्व में थाना श्यामपुर पुलिस व सीआईयू टीम का गठन किया गया। महिला की पहचान के प्रयासों में जुटी पुलिस टीम ने आधुनिक तकनीकों का सहारा लिया। जांच के दौरान मृतका के हाथ पर गुदा नाम कौशल्या और हाथों पर बने टैटू पुलिस के लिए अहम सुराग साबित हुए। जांच में जुटी पुलिस टीम की लगातार कड़ी मेहनत और 600 घंटों की फुटेज, लाखों मोबाइल नंबरों और एसआईआर डाटा का विश्लेषण करने के बाद मिली 8 मई की एक फुटेज में तीन संदिग्ध व्यक्ति और एक महिला चंडी देवी मंदिर की तरफ जाते दिखे। वापस लौटते वक्त महिला उनके साथ नहीं थी। रुट चार्ट, संदिग्ध नम्बरों की जांच करने पर फुटेज में दिखे तीनों संदिग्धों की पहचान राकेश पुत्र राजा व रामप्रकाश उर्फ गोविन्दा पुत्र राजा निवासी ग्राम ग्योडीबाबा थाना कोतवाली नगर बांदा उ.प्र. तथा छेदीलाल पुत्र ईशूरी प्रसाद निवासी ग्राम काहला गंछा थाना कोतवाली नगर बांदा उत्तर प्रदेश और मृतका की पहचान बांदा उत्तर प्रदेश निवासी कौशल्या पत्नी पप्पू के रूप में हुई। पूछताछ में खुलासा हुआ कि रामप्रकाश के मृतका कौशल्या से प्रेम संबंध थे। रामप्रकाश पहले से शादीशुदा था और कौशल्या उस पर शादी दबाव बना रही थी। दबाव से तंग आकर रामप्रकाश ने अपने भाई राकेश और जीजा छेदीलाल के साथ मिलकर कौशल्या को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और चंडी देवी दर्शन के बहाने उसे हरिद्वार बुलाया। इसके बाद आरोपियों ने गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी और शव झाड़ियों में फेंककर फरार हो गए। एसएसपी ने बताया कि मृतका की पहचान ना हो पाए। इसलिए आरोपियों ने हत्या के लिए हरिद्वार को चुना। आईजी गढ़वाल ने पुलिस टीम को पांच हजार व एसएसपी ने ढाई हजार रूपए का ईनाम देने की घोषणा की है।

मुजफ्फरनगर कृषि विभाग की टीम ने मारा छापा, 250 बैग बरामद
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। जिलाधिकारी उमेश मिश्रा के निर्देशन में कृषि विभाग की लगातार उर्वरक एवं पेस्टिसाइड किस जिले में हो रही कालाबाजारी को रोकने की खातिर बड़ी कार्यवाही करने में जुटा है। कृषि विभाग के साथ पुलिस प्रशासन के संयुक्त प्रयास से हो रही छापेमारी से किसानों के हिस्से की सब्सिडी के उर्वरक की कालाबाजारी करने






