मुजफ्फरनगर। भ्रष्टाचार और किसानों की विभिन्न समस्याओें के निदान की मांग को लेकर कई दिनों से शुरू आंदोलन गुरूवार में उस समय भूख हड़ताल में तब्दील हो गया, जब अफसरों की अनदेखी से आहत संगठन के राष्टÑीय अध्यक्ष ठा. पूरण सिंह ने कलेक्ट्रेट में जारी महापंचायत में दो टूक शब्दों में आरपार की लड़ाई की चेतावनी दे दी। जनपद भर से भारी संख्या में जुटे किसानों के बीच ठा. पूरण सिंह ने भ्रष्टाचार जैसे मामलों में कार्यवाही कराने के साथ किसान समस्याओं के निदान होने तक अन्न का एक भी दाना ग्रहण न करने का ऐलान करते हुए प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।

डीएम कार्यालय पर भारतीय किसान मजदूर संगठन की ओर से भ्रष्टाचार और किसानों से जुड़े मुद्दों को लेकर बीते एक सप्ताह से बेमियादी धरना जारी है। प्रदर्शन के बावजूद अफसरों द्वारा कोई कार्यवाही न किए जाने से आहत किसानों ने गुरूवार को कलेक्ट्रेट में महापंचायत करते हुए घेराव प्रदर्शन किया गया। मुख्य अतिथि किसान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठा. पूरण सिंह ने कहा कि जिले में बढ़ते भ्रष्टाचार के कारण आज किसानों के साथ आमजन को भी उत्पीड़न का शिकार होना पड़ रहा है। ऐसे में चकबंदी, बिजली विभाग के साथ सिंचाई या गन्ना विभाग सभी में भ्रष्टाचार व्याप्त है। ऐसे में किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए अफसर न तो गंभीरता दिखा रहे हैं और न ही संवेदनशील हैं। उन्होंने कहा कि यह जिला किसानों का जिला है। अफसरों से आरपार को भी हम तैयार हैं। हमने पूर्व में डीएम को दिये ज्ञापन में चकबंदी में बनी विभिन्न अनियमितता व अफसरों के कारण लंबित प्रकरणों को सुलझाने की मांग की थी। साथ ही जनपद में विद्युत सुधार योजना में विद्युत विभाग में काम कर रही एल एंड टी कंपनी में जारी भ्रष्टाचार को लेकर जांच कराने की आवाज उठाई थी, लेकिन कोई कार्यवाही नहीं की जा रही है। इस दौरान आरडीएस योजना के तहत विद्युत विभाग में कराये कार्यों में बड़े भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए आवारा गौवंश की देखरेख को संरक्षणकर्ता किसान को 300 रुपये प्रतिदिन भुगतान, भैंसाना शुगर मिल पर बकाया भुगतान कराने, लोक निर्माण विभाग की गत वर्षों में बनवाई सड़कों की जांच और पानीपत खटीमा राजमार्ग कार्य पूर्ण हुए बिना ही चालू टोल को बंद कराने की मांग रखी थी। कलेक्ट्रेट में धरने की अध्यक्षता राजकुमार सिंह व संचालन अन्नू मलिक ने किया। इस दौरान मुख्य रूप से राष्ट्रीय सचिव कृष्णपाल सिंह, ललित राणा, जिलाध्यक्ष बिल्लू राणा, नौबहार बिजनौर, अजब सिंह, कालूराम, देवराज पुण्डीर, भूपेन्द्र सिंह, ओमी लाल आर्य, मोनू राणा, विजयपाल सिंह, ओमपाल बिराल, विक्रम सिंह, यशपाल प्रधान, सतीश, अभिषेक कुमार, विक्रम सोम, अंकित सहित सैंकड़ों किसान मौजूद रहे। इस दौरान आंदोलन में आए सभी किसानों के लिए संगठन की ओर से डीएम कार्यालय परिसर में दाल चावल का भंडारा भी किया गया।






