मुजफ्फरनगर। माध्यमिक शिक्षा परिषद प्रयागराज यूपी बोर्ड की परीक्षाएं निर्विघ्न एवं नकलविहीन संपन्न होने के बाद जनपद मुख्यालय पर अब उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्याकंन की तैयारी शुरू हो रही है। जिला मुख्यालय पर यूपी बोर्ड की उत्तर पुस्तिकाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन को चार केंद्र बनाए गए हैं। इन मूल्यांकन केन्द्रों पर बुधवार यानि 19 मार्च से जनपद में उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शुरू होगा। उधर, यूपी बोर्ड परीक्षा की सफलता के बाद जिले में तय व्यवस्था के बीच सोमवार को इन परीक्षकों एवं डीएचई को मूल्यांकन केन्द्रों पर पहुंच अपनी उपस्थिति दर्ज करानी थी, लेकिन केंद्रों पर सोमवार को अधिकांश परीक्षक नहीं पहुंचे। केंद्र के मुख्य परीक्षकों ने डीआईओएस को इस संबंध में अवगत करा दिया है।
माध्यमिक शिक्षा परिषद यूपी बोर्ड की हाईस्कूल-इंटरमीडिएट की परीक्षाएं इसी माह 12 मार्च को प्रदेश के साथ जिले में निर्विघ्न संपन्न हो गई थी। शिक्षा विभाग द्वारा अब आगामी 19 मार्च से इन प्राप्त सभी उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्याकंन के लिए जनपद में चार मूल्यांकन केंद्र बनाए गए हैं। इसमें जहां इंटरमीडिएट की उत्तर पुस्तिकाओं के लिए एसडी इंटर कॉलेज व राजकीय इंटर कॉलेज को केंद्र बनाया है। वहीं हाईस्कूल की परीक्षा के लिए डीएवी इंटर कॉलेज के साथ इस्लामिया इंटर कॉलेज को केंद्र बनाया है। इन मूल्यांकन केंद्रों पर इस बार कुल 1521 परीक्षकों को इन उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए तैनात किया है। वहीं इनके उपर 197 डीएचई तैनात रहेंगे। सभी परीक्षक 31 मार्च तक एक लाख से अधिक उत्तर पुस्तिकाओं की जांच करेंगे। जनपद मुजफ्फरनगर के चार मूल्याकंन केंद्रों पर 1521 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है, जो अलग-अलग विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच करेंगे। चारों मूल्याकंन केंद्रों पर सोमवार को परीक्षकों को अपने कॉलेजों से रिलीव होकर उपस्थिति दर्ज करानी थी। इस बीच मूल्याकंन केंद्रों पर कुल 140 परीक्षक भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराने नहीं पहुंचे। उधर, परीक्षकों का कहना है कि अभी मूल कॉलेजों से उन्हें रिलीव नहीं किया है, ऐसे में केंद्रों पर पहुंच नहीं पाए, जैसे ही रिलीव होंगे, निर्धारित मूल्यांकन केन्द्रों पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के साथ ड्यूटी दी जाएगी।
इन्होंने कहा-
डीआईओएस राजेश सिवास ने बताया कि 19 मार्च से जनपद में बोर्ड परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन करने की प्रक्रिया शुरू होगी। सभी परीक्षकों व डीएचओ को चिन्हित कर कॉलेजों को रिलीव करने के आदेश भेज गए हैं।







