मुजफ्फरनगर। नशीली और प्रतिबंधित दवाईयों के साथ टिंचर की बिक्री होने की मिल रही शिकायतों के बीच सोमवार को जनपद में सुबह से ही शहर से देहात तक मेडिकल स्टोरों पर शुरू छापामार कार्यवाही से हड़कंप मचा रहा। इस दौरान टीम में शामिल रहे अफसरों ने नशीली और प्रतिबंधित दवाईयों की जांच पड़ताल की। इस दौरान आठ मेडिकल स्टोरों पर औचक निरीक्षण किया गया, लेकिन कहीं कोई गड़बड़ नहीं मिली।
जनपद में नशीली दवाईयों के अवैध कारोबार को लेकर मिल रही शिकायतों के बीच में डीएम उमेश मिश्रा के निर्देश पर नगर मजिस्ट्रेट विकास कश्यप, जिला औषधि निरीक्षक पवन शाक्य व आबकारी निरीक्षक की गठित टीम ने शहर में मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण करने की खातिर अभियान चलाया। टीम ने इस दौरान नगर में टाउनहाल रोड पर स्थित 5 मेडिकल स्टोरों पर पहुंचकर जांच पड़ताल करते हुए यहां नशीली और प्रतिबंधित दवाइयों की बिक्री होने को लेकर दस्तावेजों का अवलोकन किया। टीम ने यहां दवाईयों की खरीद का विवरण चैक करने के दौरान दवाईयों के कुछ बिलों को टीम ने सत्यापन के लिए कब्जे में ले लिया। नगर क्षेत्र में दवा कारोबारियों के यहां छापेमारी से जिला परिषद मार्किट, अग्रवाल मार्किट समेत अन्य दवा दुकानदारों में हड़कंप सा मचा रहा।
नगरीय क्षेत्र में छापेमारी के बारे में जानकारी देते हुए नगर मजिस्ट्रेट विकास कश्यप ने कहा कि जिलाधिकारी के आदेश पर गठित टीम के साथ नगर क्षेत्र में आठ मेडिकल स्टोरों का निरीक्षण किया गया। उन्होंने बताया कि इस बीच वो सवेरे टीम के साथ टाउनहाल रोड पर सिंधी मेडिकल एजेंसी पर पहुंचे और दस्तावेजों की जांच पड़ताल की। इसके साथ ही अन्य मेडिकल स्टोरों में अवतार मेडिकल, बंसल, सम्राट और इंडियन मेडिकल स्टोर देखे।
उधर, औषधि निरीक्षक पवन शाक्य ने बताया कि टाउनहाल रोड पर सोमवार को की गई इस छापेमारी में 5 मेडिकल स्टोर एवं एजेंसियों पर औचक निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि इनमें सिंधी मेडिकल एजेंसी, अवतार, बंसल, सम्राट और इंडियन मेडिकल स्टोर पर जांच की गई। इसके साथ सोमवार को विभाग की टीम ने जानसठ क्षेत्र में तीन मेडिकल स्टोरों राज मेडिकल, हिन्द मेडिकल व लवली मेडिकल एजेंसी पर भी औचक निरीक्षण किया। छापेमारी के दौरान जनपद में कहीं भी कोई गड़बड़ नहीं पाई गई। उन्होंने बताया कि यहां पर खासतौर पर टिंचर की बिक्री को लेकर यह छापामार अभियान चलाया गया, यह पदार्थ नशे करने में प्रयोग होता है, लेकिन क्षेत्र में इसकी बिक्री नहीं होती है। इसके साथ नारकोटिक्स दवाईयों की जांच पड़ताल की गई। सभी को बिना चिकित्सीय परामर्श दिखाए ये दवाईयां न बेचने की हिदायत दी गई है।






