मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। त्रिवेणी इंजीनियरिंग एंड इंडस्ट्रीज लि., यूनिट खतोली स्थित माँ वैष्णो देवी मंदिर प्रांगण में चल रही संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा के पंचम दिवस पर कथा व्यास पूज्य पंडित गंगोत्री तिवारी ‘मृदुल’ जी महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं एवं गोवर्धन लीला का ऐसा मनोहारी वर्णन किया कि पूरा पंडाल कृष्णमय हो गया। आज की कथा के मुख्य यजमान डॉ ए एन पांडे ( चीफ मेडिकल ऑफ़िसर) और श्री श्याम सुंदर शर्मा ( सीनियर इंजीनियर) त्रिवेणी इंजीनियरिंग एंड इंडस्ट्रीज़ लिमिटेड रहे ।
कथा में मिल के अधिकारी, कर्मचारी, महिलाएँ,गन्ना किसान एवं क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित रहे।
बाल लीलाएं एवं माखन चोरी: महाराज श्री ने कन्हैया की मनमोहक बाल लीलाओं, गोप-गोपियों संग उनकी क्रीड़ाओं तथा मैया यशोदा के अनन्य वात्सल्य का भावपूर्ण वर्णन किया। माखन चोरी की लीला सुनाते हुए उन्होंने बताया किभगवान अपने भक्तों के प्रेम के भूखे हैं, माखन के नहीं।
गोवर्धन पूजा एवं इंद्र का मान-मर्दन: गोवर्धन लीला का वर्णन करते हुए महाराज जी ने कहा कि मात्र 7 वर्ष के कन्हैया ने अपनी कनिष्ठिका अंगुली पर विशाल गोवर्धन पर्वत उठाकर देवराज इंद्र के अहंकार को चूर कर दिया। जब इंद्र ने ब्रज पर मूसलाधार वर्षा की, तो प्रभु ने 7 दिन-रात पर्वत उठाकर समस्त ब्रजवासियों, गौ-धन एवं पशु-पक्षियों की रक्षा की।
अन्नकूट एवं छप्पन भोग प्रसंग: महाराज श्री ने बताया कि इंद्र की पराजय के बाद ब्रजवासियों ने भगवान श्रीकृष्ण के आदेश पर गोवर्धन पर्वत की पूजा की और “अन्नकूट” का महोत्सव मनाया। सभी ब्रजवासियों ने मिलकर अनेक प्रकार के व्यंजनों का पहाड़ जैसा ढेर लगाकर गोवर्धन जी को भोग अर्पित किया, जिसे “छप्पन भोग” कहा गया। यह प्रसंग हमें सिखाता है कि प्रकृति, पर्वत एवं गौ-माता ही हमारे वास्तविक रक्षक हैं, जिनकी पूजा करनी चाहिए, न कि अहंकार में आकर पद-प्रतिष्ठा की।
पूज्य मृदुल जी महाराज ने कहा कि “सुख में अंधा होकर मनुष्य को कभी परमात्मा को नहीं भूलना चाहिए।” इंद्र को भी पद और शक्ति का अभिमान हो गया था, जिसे भगवान ने लीला करके तोड़ा। गोवर्धन पूजा एवं अन्नकूट महोत्सव हमें सामूहिकता, प्रकृति-प्रेम और कृतज्ञता का भाव सिखाता है। सच्ची भक्ति वही है जो अहंकार रहित होकर प्रभु चरणों में समर्पित हो। संगीतमय भजनों “अच्युतम केशवम” एवं “बड़ा नटखट है रे कृष्ण कन्हैया” पर श्रद्धालु झूम उठे। पूरा परिसर “जय श्री कृष्ण” एवं “गोवर्धन महाराज की जय” के जयकारों से गूंज उठा। यह सप्ताहव्यापी कथा त्रिवेणी शुगर मिल के प्रभु भक्तों द्वारा सभी के आध्यात्मिक उत्थान हेतु आयोजित की जा रही है। कथा के पश्चात महाआरती हुई तथा श्रद्धालुओं में छप्पन भोग एवं अन्नकूट प्रसाद का वितरण किया गया।

श्री मनकामनेश्वर महादेव शिव मन्दिर मे पुरुषोत्तम मास में गीता पाठ,भजन संध्या का भव्य आयोजन
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। श्री कृष्ण कृपा जीओ गीता परिवार के सदस्यों द्वारा भरतिया कॉलोनी स्थित श्री मनकामनेश्वर महादेव मंदिर में संदीप गोयल एवं गरिमा गोयल के सौजन्य एवं भगवताचार्य पं. अरूण मिश्रा स्वामी के सानिध्य मे गीता पाठ एवं भजन संध्या का भव्य आयोजन किया गया। संदीप गोयल एवं गरिमा गोयल परिवार द्वारा गीताजी की शोभा






