मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। श्री रामलीला भवन नई मंडी के शताब्दी वर्ष (100वें वर्ष) के ऐतिहासिक उपलक्ष्य में आयोजित नौ दिवसीय श्री रामलीला महोत्सव का शुभारंभ आज बेहद भव्य और भक्तिमय माहौल में हुआ। आज से प्रारंभ हो रही दिव्य श्री राम कथा से पूर्व श्री रामलीला भवन से एक विशाल एवं भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसने पूरे क्षेत्र को राममय कर दिया। सनातन परंपरा के अनुसार, किसी भी बड़े अनुष्ठान से पूर्व कलश स्थापना और कलश यात्रा का विशेष आध्यात्मिक महत्व होता है। कलश को ब्रह्मांड, सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। इस ऐतिहासिक महोत्सव में कलश स्थापना के माध्यम से क्षेत्र की सुख, शांति और समृद्धि की कामना की गई।

इस पावन यात्रा को संत महामंडलेश्वर उमाकांतानंद सरस्वती महाराज का दिव्य सानिध्य प्राप्त हुआ। यात्रा का मुख्य आकर्षण सैकड़ों की संख्या में शामिल महिला श्रद्धालु रहीं, जो पारंपरिक वेशभूषा में अपने सिर पर मंगल कलश धारण किए हुए थीं। भगवान राम के भजनों और राम धुन पर थिरकतीं महिला भक्तों के नृत्य ने यात्रा की शोभा में चार चांद लगा दिए। पूरी नई मंडी धर्ममय रंग में रंगी नजर आई और जगह-जगह यात्रा का भव्य स्वागत किया गया।
इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बनने और संपूर्ण व्यवस्था संभालने में रामलीला कमेटी के वरिष्ठ पदाधिकारी और शहर के गणमान्य लोग सक्रिय रूप से जुटे रहे। यात्रा में मुख्य रूप से संरक्षक भीम सेन कंसल, अध्यक्ष संजय मित्तल, और मंत्री अशोक गर्ग मौजूद रहे। उनके साथ ही आदित्य भरतिया, राजीव अग्रवाल, अभिषेक कुच्छल, विवेक गर्ग, राजेश गोयल, उपेंद्र मित्तल, विदित गुप्ता, अनिल गोयल सहित भारी संख्या में श्रद्धालु और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कमेटी के पदाधिकारियों ने बताया कि शताब्दी वर्ष के इस पावन अवसर पर आज से शुरू हुई श्री राम कथा क्षेत्र के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय जोड़ेगी।

मानसून ऋतु-2026 के दौरान प्रदेश में दीर्घावधि औसत से 8% अधिक वर्षा के बावजूद प्रदेश के 37 जिलों में औसत से कम वर्षा
लखनऊ/मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। मानसून ऋतु (01 जून – 30 सितम्बर) 2026 के दौरान उत्तरोत्तर प्रबल होती एल-नीनो परिस्थितियों के दृष्टिगत मानसून ऋतु के प्रथम चरण (जून-जुलाई) के दौरान प्रदेश में सामान्य से कम वर्षा के बावजूद मानसून ऋतु के द्वितीय चरण (अगस्त-सितम्बर) के दौरान तटस्थ धनात्मक हिन्द महासागरीय द्विध्रुव एवं हिन्द महासागर में बने कुल 10






