मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण के नियमों की अनदेखी करने वाले एवं बिना मानचित्र स्वीकृत कराए जा रहे अवैध निर्माणों और कॉलोनियों के खिलाफ प्राधिकरण ने मंगलवार को सख्त रुख अपनाया। इस दौरान टीम की जद में आए अवैध निर्माण कार्य पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मचा रहा।
एमडीए उपाध्यक्ष प्रणता ऐश्वर्या के निर्देशों पर प्रवर्तन टीम ने जोन-2 और जोन-3 में बुलडोजर चलाकर अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया तथा एक अन्य स्थल पर निर्माण कार्य को सील कर दिया। कार्रवाई के दौरान विरोध की आशंका को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा। प्राधिकरण की टीम ने पहली बड़ी कार्रवाई जोन-2 के अंतर्गत आने वाले नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के हरिनगर में की। यहां लगभग 8,000 वर्गमीटर भूमि पर बिना एमडीए से लेआउट या नक्शा पास कराए अवैध रूप से प्लॉटिंग व निर्माण कराया जा रहा था। नोटिस की समयावधि पूरी होने और प्रशासनिक सुनवाई के उपरांत प्राधिकरण की टीम ने मौके पर पहुंचकर बुलडोजर की मदद से अवैध निर्माण को पूरी तरह से जमींदोज कर दिया। वहीं दूसरी ओर, जोन-3 के तहत आने वाली आदर्श कॉलोनी में लगभग 240 वर्गमीटर भूमि पर बिना अनुमति के अवैध निर्माण कराया जा रहा था। एमडीए की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस निर्माणाधीन भवन को मौके पर ही सील कर दिया।
एमडीए उपाध्यक्ष प्रणता ऐश्वर्या ने बताया कि दोनों अवैध निर्माणों के विरुद्ध पूर्व में चालानी कार्रवाई करते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे। निर्धारित प्रक्रिया और सुनवाई के बाद ही नियमानुसार ध्वस्तीकरण व सीलिंग के अंतिम आदेश पारित किए गए। इस अभियान के दौरान प्राधिकरण के सहायक अभियंता, अवर अभियंता, प्रवर्तन दल तथा स्थानीय पुलिस बल मौजूद रहा। अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि शहर में बिना नक्शा पास कराए किए जाने वाले किसी भी अवैध निर्माण को बख्शा नहीं जाएगा और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।

तकनीक के जरिए जीवन की समस्याओं का हो सकता समाधान
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। श्री राम ग्रुप ऑफ कॉलेजेज (इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी), मुजफ्फरनगर के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग द्वारा ‘हैकथॉन इंडिया-2026’ के अंतर्गत इंटर्नल हैकाथॉन एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्र-छात्राओं में नवाचार, रचनात्मकता एवं समस्या-समाधान की क्षमता को प्रोत्साहित करना तथा वास्तविक जीवन की समस्याओं के तकनीकी एवं प्रभावी समाधान विकसित






