मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर रविवार को युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार, डीएम उमेश मिश्रा एवं सीडीओ कंडारकर कमल किशोर देश भूषण के निर्देशन में जिला युवा अधिकारी प्रतिभा शर्मा द्वारा अस्मिता-खेल से ही है पहचान के अंतर्गत जिला स्तरीय बालिका दौड़ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। चौधरी चरण सिंह स्पोर्ट्स स्टेडियम के खेल मैदान में आयोजित प्रतियोगिता में पहुुंचे तमाम अतिथियों का जिला युवा अधिकारी द्वारा स्वागत संबोधन एवं अतिथियों को सम्मान प्रतीक एवं अंगवस्त्र भेंटकर सम्मानित किया गया।

जिला स्तरीय बालिका दौड़ प्रतियोगिता में मुख्य अतिथि के रूप में नगर पालिका परिषद की चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप ने सभी बालिकाओं एवं खिलाड़ियों को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभ कामनाएं दी। साथ ही उन्होंने सभी से अपील की कि खेल को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। उक्त खेल प्रतियोगिता का संचालन डॉ. राजीव कुमार द्वारा किया गया। खेल मैदान में आयोजित बालिका दौड़ प्रतियोगिता 03 श्रेणियों में (13 वर्ष से कम आयु वर्ग, 13 वर्ष से 18 वर्ष आयु वर्ग तथा ओपन वर्ग) में आयोजित की गई। इन तीनों श्रेणियों के प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली खिलाड़ियों/बालिकाओं को मुख्य अतिथियों द्वारा ट्रॉफी, मेडल और प्रमाण-पत्र देते हुए सम्मानित किया। मुख्य अतिथि के रूप में चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप ने बालिकाओं/खिलाड़ियों के साथ सेल्फी लेने के साथ ही बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित भी किया। प्रतियोगिता में विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रियंका प्रबंधक, चंचल परामर्शदाता, छवि अधिवक्ता, भूपेंद्र यादव जिला क्रीड़ा अधिकारी, मनोज पुंडीर, पूनम विश्नोई उप जिला क्रीड़ा अधिकारी, प्रधानाचार्य कुलदीप सिवाच, वार्डन बबिता शर्मा एवं दिव्या हांडा की उपस्थिति रही। बालिका दौड़ प्रतियोगिता में विजय कुमार युवा चैंपियन, समस्त खेल कोच, ओसामा व भावना आदि की बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका रही। इस दौरान जिला क्रीड़ा अधिकारी ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।

महिलाओं के सम्मान और अधिकारों से नहीं होगा कोई समझौता: मंत्री सोमेंद्र तोमर
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। राज्य मंत्री उर्जा एवं वैकल्पिक ऊर्जा विभाग उत्तर प्रदेश सरकार व जनपद प्रभारी मंत्री डॉक्टर सोमेंद्र तोमर ने महिलाओं के अधिकारों को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण के मुद्दे पर सरकार पूरी तरह गंभीर है और किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा।






