मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा घोषित हाई स्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम में भागवंती सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, नई मंडी मुजफ्फरनगर ने एक बार फिर उत्कृष्टता की नई ऊँचाइयों को छूते हुए शिक्षा जगत में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की है। विद्यालय का शत-प्रतिशत परिणाम संस्था की गुणवत्ता, अनुशासन और समर्पित शिक्षण व्यवस्था का सशक्त प्रमाण प्रस्तुत करता है। हाईस्कूल परीक्षा में विद्यालय की मेधावी छात्रा आकांक्षा ने 93.33% अंक प्राप्त कर न केवल विद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त किया, बल्कि जनपद में चौथा स्थान अर्जित कर संस्था को गौरवान्वित किया। द्वितीय स्थान पर भव्या (90.16%) तथा तृतीय स्थान पर प्रियांशी यादव (90%) रहीं। विशेष उल्लेखनीय यह रहा कि हाई स्कूल की सभी छात्राओं ने प्रथम श्रेणी में सफलता प्राप्त करते हुए उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। इंटरमीडिएट परीक्षा में छात्राओं ने शानदार उपलब्धियाँ अर्जित करते हुए विद्यालय की प्रतिष्ठा को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया। विद्यालय की टॉपर नियति पालिवाल ने 87.2% अंक प्राप्त किए। द्वितीय स्थान पर राशि (86.6%) तथा तृतीय स्थान पर राधिका गर्ग (84.2%) रहीं।

विभिन्न वर्गों में परिणाम इस प्रकार रहा—
विज्ञान वर्ग: राशि (86.6%) प्रथम, शिवांगी शर्मा (83.6%) द्वितीय, अनुराधा (83.4%) तृतीय।
मानविकी वर्ग: नियति पालिवाल (87.2%) प्रथम, राधिका गर्ग (84.2%) द्वितीय, अविष्का वर्मा (81.2%) तृतीय।
वाणिज्य वर्ग: परी बंसल (81.8%) प्रथम, कनिष्क (81%) द्वितीय, आस्था (80.2%) तृतीय।
इस गौरवपूर्ण अवसर पर विद्यालय की उप्रधानाचार्या श्रीमती रितु गोयल जी ने समस्त छात्राओं को आशीर्वाद देते हुए कहा कि यह सफलता विद्यार्थियों के अथक परिश्रम, अनुशासित अध्ययन और शिक्षकों के समर्पित मार्गदर्शन का प्रतिफल है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि छात्राएं भविष्य में भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन कर विद्यालय, समाज एवं राष्ट्र का नाम रोशन करती रहेंगी।

श्री बालाजी शनिदेव मंदिर का 12वां वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया
हरिद्वार (रिपोर्टर)। जगजीतपुर स्थित श्री बालाजी शनिदेव मंदिर का 12वा वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान आसपास क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालुओं ने मंदिर पहुंचकर धार्मिक अनुष्ठान में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम आयोजक अनिल मिश्रा ने बताया कि प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी दो दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम अंतर्गत सुंदर कांड पाठ, भगवान बालाजी, 56 भोग,






