मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमैन अशोक बालियान ने शामली जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक से मिलकर आयुष मलिक के कथित धर्मांतरण प्रकरण के संबंध में उन्हें विस्तृत प्रार्थना-पत्र सौंपा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आयुष मलिक का दबाव या प्रलोभन से किया कि धर्मांतरण कानून के अनुसार पूरी तरह अवैध और शून्य (अमान्य) है तथा आयुष मलिक सुनियोजित अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन धर्मांतरण रैकेट और ब्रेनवाशिंग का शिकार हुआ है। उन्होंने बताया कि आयुष मलिक सुनियोजित अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन धर्मांतरण रैकेट और ब्रेनवाशिंग का शिकार हुआ है। प्रतिनिधिमंडल ने शामली धर्मांतरण केस के पीड़ित आयुष मलिक के मनोवैज्ञानिक एवं मनोचिकित्सकीय मूल्यांकन (Psychological & Psychiatric Evaluation) कराने के संबंध में भी कहा है। हमने आयुष मलिक के पिता श्री देवराज मलिक से भी इस विषय पर बात की है।
पीड़ित परिवार की शिकायत और एफआईआर दर्ज होने के बाद शामली पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए मुख्य आरोपी चांदनी कुरैशी और उसके पिता इस्लाम कुरैशी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए शामली पुलिस ने एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। जांच का दायरा दिल्ली से लेकर मुंबई और अन्य ऑनलाइन नेटवर्क तक फैलाया गया है। प्रतिनिधिमंडल ने शामली प्रशासन से कहा है कि जब कोई व्यक्ति सुनियोजित ब्रेनवॉश का शिकार होता है, तो उसे उस प्रभाव से निकालने के लिए पेशेवर मनोवैज्ञानिकों (Psychologists) और पारिवारिक काउंसिलर्स की आवश्यकता होती है। प्रशासन व परिवार का ध्यान पूरी तरह से आयुष मलिक की काउंसलिंग और उसे विधिक रूप से संरक्षण देने पर है। हम उम्मीद करते है कि आयुष मलिक जल्द ही अपने परिवार के साथ सामान्य जीवन में वापस आ जायेगा।

गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर स्काउट-गाइड द्वारा समाज सेवा कार्य संपन्न
मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। प्रादेशिक मुख्यालय तथा प्रादेशिक मुख्यायुक्त डॉ. प्रभात कुमार के आदेशानुसार एवं जिला मुख्यायुक्त डॉ. कंचन प्रभा शुक्ला के नेतृत्व में समाज सेवा गतिविधियों के अंतर्गत गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर श्री बालाजी धाम मंदिर सेवा समिति के सहयोग से स्काउट-गाइड द्वारा व्यापक समाज सेवा कार्य संपन्न किया गया। इस अवसर पर स्काउट






