मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। एम.जी. पब्लिक स्कूल में शुक्रवार को तीज पर्व के अवसर पर विभिन्न पारंपरिक एवं रचनात्मक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए भारतीय संस्कृति और परंपराओं की खूबसूरत झलक प्रस्तुत करने के साथ ही मेहंदी प्रतियोगिता में अपनी प्रतिभा का भी बखूबी प्रदर्शन किया। विद्यालय परिसर में झूला, मेहंदी सहित विभिन्न गतिविधियों और प्रतियोगिताओं के आयोजन से उत्सव का माहौल बना रहा।
एम.जी. पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्या मोनिका गर्ग ने बताया कि शुक्रवार को विद्यालय प्रांगण में तीज पर्व मनाया गया। कार्यक्रम मेें छात्राओं ने शिक्षिकाओं के मार्गदर्शन में तीज पर्व की पारंपरिक भावना को रचनात्मक अंदाज में प्रस्तुत किया। रंग-बिरंगे परिधानों, झूले और मेहंदी की खुशबू से विद्यालय परिसर में उत्सव की रौनक दिखाई दी। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को भारतीय लोक संस्कृति, परंपराओं और पर्वों के महत्व से परिचित कराया गया।
कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित इंटर-हाउस मेहंदी प्रतियोगिता में कक्षा 5 और 7 की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। छात्राओं ने अपनी हथेलियों पर आकर्षक एवं सुंदर मेहंदी डिजाइन बनाकर अपनी कला, रचनात्मकता और कल्पनाशीलता का प्रदर्शन किया। बारीक पैटर्न और पारंपरिक डिजाइनों में उनकी कलात्मक प्रतिभा देखने को मिली। प्रतियोगिता में परंपरा और आधुनिक रचनात्मकता का सुंदर संगम नजर आया। प्रधानाचार्या मोनिका गर्ग ने कहा कि तीज केवल एक पर्व नहीं, बल्कि प्रेम, उल्लास, परंपरा और भारतीय संस्कृति के खूबसूरत रंगों को सहेजने का अवसर है। ऐसे आयोजनों का उद्देश्य विद्यार्थियों को अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना और उनमें रचनात्मकता के साथ-साथ भारतीय परंपराओं के प्रति सम्मान की भावना विकसित करना है। उन्होंने कहा कि तीज के उत्साह और उमंग ने पूरे कैंपस को आनंद और उल्लास से भर दिया। जब परंपरा और क्रिएटिविटी का मिलन होता है तो हर मेहंदी की डिजाइन एक खूबसूरत कहानी कहती है। हमारे विद्यार्थियों ने जिस उत्साह के साथ तीज पर्व मनाया, वह हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और भारतीय परंपराओं की सदाबहार खूबसूरती को दर्शाता है। विद्यालय में ऐसे आयोजन बच्चों को अपनी जड़ों से जोड़ने के साथ उनकी प्रतिभा को मंच देने का भी काम करते हैं। उन्होंने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए शिक्षिकाओं एवं विद्यार्थियों को बधाई दी।

मानसून ऋतु-2026 के दौरान प्रदेश में दीर्घावधि औसत से 8% अधिक वर्षा के बावजूद प्रदेश के 37 जिलों में औसत से कम वर्षा
लखनऊ/मुजफ्फरनगर (रिपोर्टर)। मानसून ऋतु (01 जून – 30 सितम्बर) 2026 के दौरान उत्तरोत्तर प्रबल होती एल-नीनो परिस्थितियों के दृष्टिगत मानसून ऋतु के प्रथम चरण (जून-जुलाई) के दौरान प्रदेश में सामान्य से कम वर्षा के बावजूद मानसून ऋतु के द्वितीय चरण (अगस्त-सितम्बर) के दौरान तटस्थ धनात्मक हिन्द महासागरीय द्विध्रुव एवं हिन्द महासागर में बने कुल 10






